क – भाग १ (१ ते ५० शब्द)
| अनु. | मूळ शब्द | समानार्थी शब्द |
| १ | कटी | कंबर |
| २ | कटु | कडू, कडवट |
| ३ | कठोर | निर्दय, कडक, निष्ठूर, करडा |
| ४ | कणव | दया, माया, कृपा, कीव, करूणा |
| ५ | कनक | सोने, कांचन, हेम, सुवर्ण |
| ६ | कमळ | पंकज, अंबुज, राजीव, पुष्कर, पदम, सरोज, कुमुदिनी, नीरज |
| ७ | कपाळ | निढळ, भाल, ललाट, निटील, मस्तक |
| ८ | कपडा | वस्त्र, वसन, पट, अंबर |
| ९ | कपट | लबाडी, खोटेपणा, कावा, डाव |
| १० | कच | माघार, अडचण, संकट |
| ११ | कज्जा | खटला, भांडण, लढाई, तंटा |
| १२ | कसरत | व्यायाम, सराव, सवय, मेहनत |
| १३ | कसब | कौशल्य, प्राविण्य, खुबी |
| १४ | कर | हात, हस्त, किरण |
| १५ | करमणूक | मनोरंजन |
| १६ | करणी | कृती, कृत्य, क्रिया |
| १७ | करार | वचन, ठराव, कबुली |
| १८ | करुणा | दया, माया, कणव |
| १९ | कर्ण | कान |
| २० | कर्तबगार | कार्यक्षम, दक्ष, कुशल, निपुण |
| २१ | कर्मठ | अतिशय धर्मशील, परिश्रमी |
| २२ | कर्मयोग | प्रारब्ध, योगायोग, देव |
| २३ | कलंक | डाग, बट्टा, दोष, काळिमा |
| २४ | कलह | भांडण, झगडा, तंटा, वाद |
| २५ | कलागत | भांडण, वैर, कळ, लावालावी |
| २६ | कल्याण | हित, कुशल, क्षेम |
| २७ | कल्पतरू | इच्छित गोष्ट देणारा वृक्ष |
| २८ | कल्पना | युक्ती, तोड, उपाय, पेच |
| २९ | कवच | आच्छादन, आवरण, टरफल |
| ३० | कवळ | घास |
| ३१ | कष्टाळू | मेहनती |
| ३२ | कष्ट | श्रम, मेहनत, परिश्रम |
| ३३ | कसूर | कुचराई, चूक, न्यूनता, दोष |
| ३४ | कहाणी | गोष्ट, कथा |
| ३५ | काळजी | चिंता, फिकीर, विवंचना, तमा |
| ३६ | काठ | तिर, किनारा, तट |
| ३७ | कान | कर्ण, श्रवण, श्रोत्र |
| ३८ | कावळा | काक, एकाक्ष, वायस |
| ३९ | कावडीचुंबक | अतिशय कंजूस |
| ४० | काम | कार्य, कर्तव्य, कृत्य |
| ४१ | कामना | इच्छा |
| ४२ | कामधेनू | इच्छित वस्तू देणारी गाय |
| ४३ | काष्ठ | लाकूड |
| ४४ | कारा (कारागृह) | तुरुंग, कैदखाना |
| ४५ | कारस्थान | कट, स्वल, गुप्त, मसलत |
| ४६ | कायदेशीर | वैध, कायद्याने मान्य |
| ४७ | काळ | समय, वेळ, अवधी |
| ४८ | काळोख | अंधार, तिमिर, तम |
| ४९ | कासार | तलाव, गवळी |
| ५० | किरण | कर, अंशु, रश्मी |
क – भाग २ (५१ ते पुढे)
| अनु. | मूळ शब्द | समानार्थी शब्द |
| ५१ | किल्ला | गड, तट, दुर्ग, कोट |
| ५२ | किंमत | मोल, भाव, मुल्य, दर |
| ५३ | किंकर | दास, सेवक |
| ५४ | किमया | जादू, चमत्कार |
| ५५ | कीर्ती | लौकिक, प्रसिद्धी, ख्याती |
| ५६ | कीड | खोटे, वाईट, कीटक, गंज |
| ५७ | कील | मेख, खिळा, अडसर, पाचर |
| ५८ | कीव | दया, कृपा, करूणा |
| ५९ | कुटीर (कुटी) | झोपडी |
| ६० | कुरबुर | कुरकुर |
| ६१ | कुरूप | विद्रूप, बेढब, विरूप |
| ६२ | कुशल | पटाईत, क्षेम, हुशार, चतुर |
| ६३ | कुमक | मदत |
| ६४ | कुठार | कुऱ्हाड |
| ६५ | कुटुंब | परिवार |
| ६६ | कुत्रा | श्वान |
| ६७ | कुतूहल | उत्सुकता |
| ६८ | कुटाळ | कुचेष्टा, टवाळी, निंदा, उपहास |
| ६९ | कुभांड | आळ, कट, कारस्थान, लबाडी |
| ७० | कुरापत | खोडी, कुचाळी, थट्टा, टवाळकी |
| ७१ | कूजन | पक्षाचे गाणे |
| ७२ | कूर्म | कासव, कमट, कच्छ |
| ७३ | कृपण | कंजूष, चिकू |
| ७४ | कृश | हडकूळा |
| ७५ | कशिदा | भरतकाम |
| ७६ | कुकर्म | वाईट काम |
| ७७ | कोठार | भांडार |
| ७८ | कोमल | नाजूक, मऊ, मृदू, सुंदर |
| ७९ | कोंडा | भुगा, भूय, चुरा, तूस |
| ८० | कोंभ | अंकुर, मोड, खांब, कोंब |
| ८१ | कोळीष्टक | जळमट |
| ८२ | क्रूर | निर्दयी |
| ८३ | क्रम | अनुक्रम, रांग, ओळ, पद्धती |
| ८४ | क्रोध | राग, संताप |
| ८५ | क्लेश | वेदना, दुःख, पीडा |
ख
| अनु. | मूळ शब्द | समानार्थी शब्द |
| १ | खग | पक्षी, विहग, विहंग, अंडज, द्विज, पाखरू |
| २ | खडक | दगड, पाषाण, मोठा दगड |
| ३ | खडग | तलवार, समशेर |
| ४ | खटाटोप | प्रयत्न |
| ५ | खट्याळ | खोडकर, द्वाड, उनाड, हुड, उपद्व्यापी |
| ६ | खटका | भांडण, वाद, झगडा, तंटा, कलह |
| ७ | खटारा | बैलगाडी, धूड, छकडा |
| ८ | खजिना | द्रव्य, कोष, भांडार, तिजोरी |
| ९ | खच | गर्दी, दाटी, रास |
| १० | खजिटर | शरमिंदा, लज्जित, ओशाळा |
| ११ | खरा | सच्चा, प्रामाणिक, सरळ, विश्वास |
| १२ | खरेपणा | न्यायनीती |
| १३ | खलाशी | नावाडी, नाखवा, खारवा, कोळी |
| १४ | खबर | बातमी, वार्ता, संदेश, माहिती |
| १५ | खरमरीत | प्रखर, खणखणी, तीक्षण, सडेतोड |
| १६ | खचित | निश्चित, खात्री, रखरोखर |
| १७ | खाट | बाज, खाटले, बाजले |
| १८ | खास | खुद, स्वतःविशेष, मुद्दाम |
| १९ | खूण | संकेत, ईशारा, चिन्ह |
| २० | खूळ | गडबड, छंद, वेड |
| २१ | खुषी | संतोष, तोष, समाधान, आनंद, प्रसन्नता |
| २२ | खुळा | मूर्ख, वेडा, अक्कलशून्य, बावळा |
| २३ | खुळचट | पुळचट, नेभळा, भित्रा |
| २४ | खूप | पुष्कळ, भरपूर, विपुल |
| २५ | खिडकी | गवाक्ष |
| २६ | खेळकुडी | थट्टा, खेळ, गंमत |
| २७ | खेडे | गाव, ग्राम |
| २८ | खेडूत | गावकरी, ग्रामस्थ |
| २९ | खेद | वैषम्य, विषाद, दुःख, खिन्नता, हुरहुर |
| ३० | खंदा | साहसी, धाडसी, सामर्थ्यवान |
| ३१ | खंक | दीन, दरिद्री, द्रव्यहीन, निर्धन |
| ३२ | ख्याती | कीर्ती, प्रसिद्धी, लौकिक |
ग
| अनु. | मूळ शब्द | समानार्थी शब्द |
| १ | गगनजाई | वायुमंडल, आकाश, अंतराळ, गगन, नभ |
| २ | गट | समूह, संघ, मंडळ, सभा, पंथ |
| ३ | गडप | अदृश्य, बेपत्ता, नष्ट |
| ४ | गदारोळ | गोंधळ, ओरड, खटाटोप, दंगा, हुल्लड |
| ५ | गनीम | शत्रू, अरी |
| ६ | गबाळा | अजागळ, बावळट, मूर्ख, बावळा |
| ७ | गरज | जरुरी, आवश्यकता, निकड, आव्हान, अनिवार्य, अत्यावश्यक |
| ८ | गरुड | खगेंद्र, द्विजराज, वैनतेय |
| ९ | गर्व | अहंकार, ताठा, घमंड, ताण |
| १० | गस्त | पहारा, रखवाली, रावण |
| ११ | गहन | कळण्यास कठीण, खोल, गाढ, गंभीर, गुंतागुंतीचा, दुर्गम |
| १२ | गवई | गायक |
| १३ | गवत | तृण, दुर्बल, अशक्त, क्षीण, कमजोर, नाजूक, बारीक, तुरळ, सपक |
| १४ | गवाक्ष | खिडकी |
| १५ | गयावया | काकुळती, करूणा, विनवणी, याचना |
| १६ | गणपती | गजानन, वक्रतुंड, लंबोदर, गजमुख, विघ्नहर्ता, विनायक, विकट, हेरंब, गणेश, विग्नेश, गौरीनंदन, गौरीसुत, व्यंकटेश, एकदंत, प्रथमेश, गणनायक, गणराज, अमेय, गजवंदन, बुद्धीमत्ता, गणाधीश |
| १७ | गाणे | गीत, गान |
| १८ | गाथा | कविता, आर्या, काव्य |
| १९ | गाय | धेनु, गो, गोमाता, कामधेनू |
| २० | गाव | ग्राम, खेडे |
| २१ | गावठी | अडाणी, आडमुठा, खेडवळ, गावंढळ |
| २२ | गिरी | पर्वत, डोंगर, अचल |
| २३ | गुच्छ | झुबका, घोस, तुरा |
| २४ | गुद्दा | बुक्का, ठोसा, रट्टा |
| २५ | गुन्हा | अपराध |
| २६ | गुलामी | दास्य |
| २७ | गूढ | गुप्त गोष्ट, रहस्यमय, गुप्त, अज्ञात, अवघड, लपून राहणारा |
| २८ | गृहिणी | घरधनीन |
| २९ | गृह | धाम, घर, सदन, भवन, निवास |
| ३० | गो | गाय, धेनु |
| ३१ | गोड | मधुर |
| ३२ | गोणी | पोते |
| ३३ | गोधूम | गहू |
| ३४ | गोत | गोत्र, वंश, पिढी, कूळ |
| ३५ | गोपाळ | कन्हैया, कृष्ण, मोहन, मुरलीधर, गोविंद, गिरिधर |
| ३६ | गोष्ट | कथा, कहाणी, हकिकत |
| ३७ | गोषवारा | सारांश, संक्षेप, तात्पर्य |
| ३८ | गौरव | अभिनंदन, सन्मान, सत्कार |
| ३९ | ग्रंथ | पुस्तक, शास्त्र, लेख, ग्रंथलेख, वाङ्मय, साहित्य |
| ४० | ग्रस्त | त्रासलेला |
| ४१ | ग्रह | कल्पना, समजूत, भावना |
| ४२ | ग्राम | गाव |
| ४३ | ग्राहक | गिऱ्हाईक |
घ
| अनु. | मूळ शब्द | समानार्थी शब्द |
| १ | घट | मडके, पात्र, भांडे, तूट |
| २ | घटका | घडी, पडदा, पट, घडयाळ |
| ३ | घट्ट | घन, जाड, दाट |
| ४ | घडामोड | खटाटोप, उलथापालथ, फेरफार, व्यवहार |
| ५ | घनिष्ठ | दाट, अगदी जवळचे |
| ६ | घर | सदन, गृह, निवास, भवन, गेह, आलय, निकेतन, धाम |
| ७ | घरटे | खोपा |
| ८ | घडी | घटका, पडदा, पट, घडयाळ, दुमड, संच, बस्तान, रचना |
| ९ | घात | नारा, हंगाम, वध |
| १० | घागर | घडा, मडके |
| ۱१ | घाण (घाणेरडा) | ओंगळ, घामट, गलिच्छ |
| १२ | घाव | प्रहार, वार, आघात, तडाखा |
| १३ | घास | कवळ, ग्रास, गवत, तृण, चारा |
| १४ | घाई | गडबड, त्वरा, तातडी, जलदी |
| १५ | घाम | स्वेद, धर्म |
| १६ | घृणा | शिसारी, किळस, तिटकरा |
| १७ | घोट | चूळ, आवंडा, घुटका |
| १८ | घोर | काळजी, चिंता, विवंचना |
| १९ | घेर | चक्कर, प्रदक्षिणा, फिरणे, वर्तुळ, परिसर, परीध, लेढा |
| २० | घोडा | हय, तुरग, वारू, वाजी, अश्व |
| २१ | घवघवीत | भरपूर |